व्यापमं की परीक्षाओं में अनुशासन और पारदर्शिता की दिशा में अहम कदम बढ़ाते हुए, अब परीक्षार्थियों के पहनावे को लेकर कड़े दिशा-निर्देश जारी किए गए हैं। विभाग ने स्पष्ट किया है कि परीक्षा केंद्रों पर प्रवेश पाने के लिए अभ्यर्थियों को हल्के रंग के कपड़े पहनने होंगे। काले, गहरे नीले, हरे, और मरून जैसे रंगों के साथ-साथ गहरे शेड के परिधान पूरी तरह वर्जित कर दिए गए हैं। विगत समय में परीक्षाओं में अनुचित साधनों के उपयोग की घटनाएँ सामने आने के बाद यह सख्ती बरती गई है। परीक्षा केंद्रों में पारदर्शिता बनाए रखने और संभावित गड़बड़ियों पर लगाम कसने के उद्देश्य से यह निर्णय लिया गया। ग्रामीण स्वास्थ्य संयोजक भर्ती परीक्षा में इन नियमों का कड़ाई से पालन अनिवार्य किया गया है। जारी निर्देशों के अनुसार, निर्धारित रंगों के वस्त्र न पहनने वाले परीक्षार्थियों को परीक्षा में प्रवेश नहीं मिलेगा। व्यापमं अधिकारियों द्वारा उठाए गए इस कदम से उम्मीदवारों के बीच हलचल मच गई है और इसकी व्यापक चर्चा हो रही है। परीक्षार्थियों को सावधान किया गया है कि वे परीक्षा के दिन केवल हल्के रंग के कपड़े पहनकर ही परीक्षा केंद्र पहुंचे। नियमों के उल्लंघन की स्थिति में परीक्षा से वंचित किया जा सकता है। परीक्षा की पारदर्शिता और निष्पक्षता को प्राथमिकता देते हुए यह दिशा-निर्देश लागू किए गए हैं। अभ्यर्थियों को उच्चस्तरीय सतर्कता बरतने की अपील की गई है।
9 नवंबर को होगी ग्रामीण स्वास्थ्य संयोजक की परीक्षा
व्यापमं के नवीनतम निर्देश सीधे तौर पर 9 नवंबर को आयोजित होने वाली ग्रामीण स्वास्थ्य संयोजक भर्ती परीक्षा से जुड़े हैं। परीक्षा के लिए एडमिट कार्ड एवं अन्य आवश्यक जानकारी व्यापमं की आधिकारिक वेबसाइट से डाउनलोड की जा सकेगी। महिला, पुरुष एवं आंतरिक ग्रामीण स्वास्थ्य संयोजक पदों के लिए लगभग 200 हजार से अधिक अभ्यर्थी इस परीक्षा में शामिल होंगे। परीक्षा के दौरान सभी परीक्षार्थियों के लिए हल्के रंग का औपचारिक पहनावा अनिवार्य रहेगा और उसके उल्लंघन पर प्रवेश रोक दिया जाएगा। बार-बार बदल रहे दिशा-निर्देशों एवं पिछले कुछ महीनों में लागू हुई नई व्यवस्थाओं के चलते परीक्षार्थियों तथा कोचिंग संस्थानों में भ्रम की स्थिति देखने को मिल रही है।
व्यापम का परीक्षाओं में पारदर्शिता के लिए प्रतिबद्धता
व्यापमं ने साफ किया है कि नई व्यवस्था परीक्षा प्रक्रिया की पारदर्शिता बनाए रखने और अनुचित साधनों पर अंकुश लगाने के लिए महत्वपूर्ण है। परीक्षा में गहरे रंग के कपड़ों पर पाबंदी लगाकर संभावित गड़बड़ियों को रोका जा सकेगा, जिससे निष्पक्षता भी सुनिश्चित होगी। परीक्षार्थियों से अपेक्षा की जा रही है कि वे नियमों का पालन करते हुए परीक्षा केंद्र पहुंचे, ताकि किसी भी प्रकार की असुविधा से बचा जा सके। नई गाइडलाइन से तमाम परीक्षाओं में निष्पक्षता और पारदर्शिता की उम्मीद जताई जा रही है तथा भविष्य में अन्य परीक्षाओं में भी इसी प्रकार के नियम लागू किए जा सकते हैं।


